आर्य समय संवाददाता, जबलपुर। जबलपुर जिला बार एसोसिएशन (District Bar Association) के हाल ही में हुए चुनाव में बड़े पैमाने पर हुई अनियमितताओं और दोबारा मतदान के फैसले के बीच मामला अब मध्य प्रदेश हाईकोर्ट पहुंच गया है। अधिवक्ता अभिषेक श्रीवास्तव द्वारा दायर याचिका (WP No. 29626/2026) पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने चुनाव से जुड़े सभी रिकॉर्ड, बैलेट पेपर और CCTV फुटेज को सुरक्षित रखने के कड़े निर्देश जारी किए हैं।
क्या है पूरा मामला-
याचिकाकर्ता अभिषेक श्रीवास्तव ने कोर्ट में पक्ष रखते हुए बताया कि 20 जुलाई 2026 को जिला बार एसोसिएशन, जबलपुर के चुनाव आयोजित किए गए थे। हालांकि, मतदान के दौरान बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां/अनियमितताएं सामने आने के बाद इन चुनावों को रद्द कर दिया गया था।अब 28 जुलाई 2026 को दोबारा मतदान कराने की तैयारी है।
याचिकाकर्ता ने कोर्ट से गुहार लगाई कि 20 जुलाई को हुए मतदान के सभी रिकॉर्ड और साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जाए ताकि कोई भी इनमें छेड़छाड़ न कर सके और जांच समिति अनियमितता के जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय कर सके।
मामले की सुनवाई करते हुए जस्टिस विवेक अग्रवाल और जस्टिस अवनिंद्र कुमार सिंह की युगलपीठ ने अंतरिम राहत (Interim Measure) प्रदान करते हुए आदेश जारी किया कि स्टेट बार काउंसिल (State Bar Council) द्वारा गठित एड-हॉक कमेटी (Ad-hoc Committee) को 20 जुलाई 2026 के चुनाव से संबंधित सभी बैलेट पेपर, जिला कोर्ट परिसर के अलग-अलग कैमरों के CCTV फुटेज और आसपास के क्षेत्रों के CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग को व्यक्तिगत रूप से सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यदि एड-हॉक कमेटी को डेटा या रिकॉर्ड सुरक्षित करने के लिए स्थानीय पुलिस या अन्य प्राधिकरणों की मदद की आवश्यकता हो, तो वे निसंकोच सहायता मांग सकते हैं।अगली सुनवाई और जांच कमेटी का गठन: हाईकोर्ट इस मामले में निष्पक्ष जांच के लिए तीन वरिष्ठ न्यायिक अधिकारियों (Senior Judicial Officers) की जांच कमेटी गठित करने पर विचार कर रहा है। मामले की अगली सुनवाई 4 अगस्त को तय की गई है।
हाईकोर्ट का रुख: न्यायालय ने अनावेदकों (Respondents) को नोटिस जारी करते हुए 7 दिनों के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
Continue With Google
Comments (0)