आर्य समय संवाददाता, जबलपुर। सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की शहपुरा स्थित बरम बाबा शाखा से रूपए निकालकर घर जा रहे युवक को लुटेरों ने बैंक के बाहर ही लूट लिया। बैंक के बाहर दिनदहाड़े हुई लूट की वारदात से पूरे क्षेत्र में सनसनी मच गई। पीड़ित युवक सहित आसपास के लोगों ने लुटेरे को पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन लुटेरा भीड़ का फायदा उठाकर रफूचक्कर हो गया। सूचना पर मौके पर पहुंची शहपुरा पुलिस ने बैंक सहित घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले हैं। फुटेज में लूट करने वाला आरोपी दिख रहा है। फुटेज के आधार पर आरोपी की गिरफ्तारी के प्रयास पुलिस कर रही है।

पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में पीड़ित अभिषेक बर्मन निवासी कुलोन ने बताया कि वह दोपहर करीब 1 बजे शहपुरा भिटोनी बरमबाबा स्थित इंडियन बैंक में रूपए निकालने के लिए गया था। इंडियन बैंक के अंदर एक अज्ञात युवक मिला और बोला कि मैं रकम आहरित करने वाला फार्म भर देता हूं। अज्ञात युवक से फॉर्म भराने के काउंटर पर गया, तो कैशियर ने बताया कि आपके खाते में रकम नहीं है।

चर्चा में उक्त युवक ने पूछा कि क्या हुआ, तो बताया कि इस बैंक खाते में रकम नहीं है। सेंट्रल बैंक के खाते से रूपए निकाल लूंगा। अभिषेक बर्मन का कहना है कि वह चंद मिनिट के बाद सेंट्रल बैंक पहुंचा और खाते से 10 हजार रूपए का आहरण किया। रकम मिलने के बाद वह नोट गिनते हुए बैंक के बाहर आया, तभी इंडियन बैंक में मिला युवक हाथ से रकम छीनकर भाग गया। लूट करने वाला इंडियन बैंक से ही वारदात को अंजाम देने के लिए रैकी कर रहा था। पुलिस ने दोनों बैंकों के बाहर लगे कैमरों के फुटेज खंगाले निकाले हैं।

पुराने लुटेरों का खंगाला रिकार्ड-
वारदात के बाद सक्रिय हुई शहपुरा पुलिस ने क्षेत्र में छानबीन के बाद पुरानी लूट की वारदात को अंजाम देने वाले लुटेरों का रिकार्ड खंगाला है। पीड़ित अभिषेक ने पुलिस को बताया कि लुटरे की उम्र करीब 32 से 35 साल के आसपास होगी।

88 हजार की लूट करने वाले अब तक नहीं मिले-
1 फरवरी 2024 को शहपुरा सेंट्रल बैंक से रकम आहरित करने के बाद गनतव्य की ओर रवाना हुए दुग्ध सहकारी समिति नटवारा के सचिव जुगल किशोर पटेल के हाथ से रूपयों से भरा बैग छीनकर पल्सर सवार लुटेरे रफूचक्कर हो गए थे। बुजुर्ग सचिव ने शहपुरा पुलिस को बताया था कि बैग में दूग्ध संघ की पेमेंट के 88 हजार रुपए रखे हुए थे। एक साल बीत जाने के बाद भी शहपुरा पुलिस बाइक सवार लुटेरों तक नहीं पहुंच सकी है।