आर्य समय संवाददाता, जबलपुर। रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय में कई वर्षो से मेंटेनेंस ठेका ले रहे भाजपा महामंत्री के कारनामें की शिकायत अब उच्च शिक्षा मंत्री तक जा पहुंची है। RDVV का कर्मचारी संघ लंबे समय से उक्त मामले को उठा रहा है। संघ का आरोप है कि विश्वविद्यालय ने ठेकेदार को बिना काम किए है भुगतान कर दिए। कुछ माह पूर्व संघ ने कुलगुरू प्रो. राजेश वर्मा को शिकायत सौंपी थी। जिसके बाद उन्हें ने कर्मचारियों के आवास का निरीक्षण कर शिकायत की जमीनी हकीकत जानने का भी प्रयास किया था। लेकिन मामला भाजपा नेता से जुड़ा होने के चलते RDVV प्रशासन कुछ भी कार्रवाई करने से कतरा रहा है। कर्मचारी संघ के आरोप को सही माने तो ठेकेदार ने पूरा गोलमाल विश्वविद्यालय के तत्कालीन मुखिया के संरक्षण में किया।

जानकारी के मुताबिक पिछले दिनों उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार का जबलपुर आगमन हुआ था। वे RDVV में वैदिक गणित पर आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में शामिल होने आए थे। उक्त कार्यक्रम के बाद उच्च शिक्षा मंत्री से कर्मचारी संघ का एक प्रतिनिधि मंडल मिला। जिसने आरडीयू में हुए करोड़ो की लागत से मेंटेनेंस पर सवाल खडे करते हुए जांच की मांग उच्च शिक्षा मंत्री से की। हालांकी इस मामले में संघ के पदाधिकारी भी सीधे तौर पर भाजपा नेता का नाम लेने से बच रहे हैं। लिहाजा वे आरोप तो लगा रहे हैं लेकिन वे अधिकारियों तक ही सीमित रहते हैं। लेकिन यह बात तो तय है कि जांच हुई और उसमें आरोप सही पाए गए तो सबसे पहले तो ठेकेदार जो कि भाजपा महानगर मंत्री भी हैं पहले वे लपटे में आएंगे। वहीं उनकी फर्म भी ब्लैक लिस्ट हो जाएगी। वहीं करोड़ो रूपए की रिकवरी भी होगी।